लद्दाख से जुड़े अहम सामाजिक, प्रशासनिक और राजनीतिक मुद्दों के समाधान की दिशा में हाल ही में आयोजित हाई पावर कमेटी (HPC) की बैठक को सकारात्मक और रचनात्मक बताया गया है। यह बैठक केंद्र सरकार के प्रतिनिधियों, गृह मंत्रालय के अधिकारियों और लद्दाख के प्रमुख सामाजिक एवं राजनीतिक संगठनों के बीच संवाद स्थापित करने के उद्देश्य से आयोजित की गई थी। बैठक में क्षेत्र की लंबे समय से लंबित मांगों और विकास से जुड़े विषयों पर विस्तार से चर्चा हुई।
इस दौरान लद्दाख के प्रतिनिधियों ने राज्य का दर्जा, छठी अनुसूची का संरक्षण, रोजगार के अवसरों में वृद्धि तथा स्थानीय युवाओं के लिए भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता जैसे महत्वपूर्ण मुद्दे उठाए। वहीं केंद्र सरकार के अधिकारियों ने भी इन मांगों को गंभीरता से सुना और भविष्य में इन पर विचार करने का आश्वासन दिया। बैठक में दोनों पक्षों के बीच संवाद का वातावरण सहयोगात्मक रहा, जिससे यह संकेत मिला कि आने वाले समय में इन विषयों पर ठोस निर्णय लिए जा सकते हैं।
लद्दाख प्रशासन के अनुसार, यह बैठक आपसी विश्वास और सहमति को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुई है। अधिकारियों ने कहा कि संवाद के माध्यम से समस्याओं का समाधान निकालने की दिशा में प्रयास जारी रहेंगे। साथ ही यह भी उम्मीद जताई गई कि आगामी बैठकों में स्थानीय लोगों की आकांक्षाओं के अनुरूप नीतिगत फैसले सामने आ सकते हैं।
इस रचनात्मक बैठक के बाद अब सभी की निगाहें केंद्र और स्थानीय संगठनों के बीच होने वाली अगली वार्ता पर टिकी हैं, जिससे लद्दाख के विकास और प्रशासनिक सशक्तिकरण की दिशा में नई राह खुलने की संभावना है।