लद्दाख के कारगिल जिले के लोगों के लिए बुधवार, 2 सितंबर को एक महत्वपूर्ण सुविधा की शुरुआत हुई। विदेश मंत्रालय और डाक विभाग के सहयोग से कारगिल के उपडाकघर में डाकघर पासपोर्ट सेवा केंद्र शुरू किया गया। इसका उद्घाटन विदेश राज्य मंत्री कीर्तिवर्धन सिंह और लद्दाख के उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना ने किया। नया केंद्र कारगिल और आसपास के क्षेत्रों के लोगों को पासपोर्ट से जुड़ी सेवाएं अपने क्षेत्र के नजदीक उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
कारगिल के लोगों की लंबे समय से मांग थी कि पासपोर्ट संबंधी सुविधाएं जिले में ही उपलब्ध कराई जाएं। इससे पहले लोगों को पासपोर्ट से जुड़े काम के लिए लेह या श्रीनगर जैसे दूर के केंद्रों तक जाना पड़ता था। पहाड़ी और कठिन भौगोलिक परिस्थितियों वाले लद्दाख में लंबी दूरी की यात्रा करने से लोगों को अतिरिक्त समय और धन खर्च करना पड़ता था। नए केंद्र के शुरू होने से इस परेशानी में काफी कमी आने की उम्मीद है।
यह लद्दाख का दूसरा डाकघर पासपोर्ट सेवा केंद्र है। इससे पहले लेह में वर्ष 2017 से पासपोर्ट सेवा केंद्र काम कर रहा है। कारगिल का केंद्र देश का 457वां डाकघर पासपोर्ट सेवा केंद्र बताया गया है। इसके माध्यम से लोगों को पासपोर्ट संबंधी आवश्यक प्रक्रियाएं अपने क्षेत्र के करीब पूरी करने में सुविधा मिलेगी।
इस सुविधा से विदेश में पढ़ाई करने वाले विद्यार्थियों, रोजगार के लिए विदेश जाने वाले युवाओं, व्यवसायियों और विदेश यात्रा करने वाले अन्य लोगों को विशेष लाभ मिलने की उम्मीद है। हज और उमरा के लिए सऊदी अरब जाने वाले लोगों के लिए भी यह केंद्र उपयोगी साबित होगा।
उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना ने इसे दूरदराज के क्षेत्रों तक सरकारी सेवाएं पहुंचाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया। उन्होंने कहा कि नागरिकों के घर के नजदीक आवश्यक सेवाएं उपलब्ध होने से जीवन आसान होगा और सरकारी व्यवस्था पर लोगों का विश्वास मजबूत होगा।
विदेश राज्य मंत्री कीर्तिवर्धन सिंह ने भी कहा कि सरकार दूरदराज और कम सुविधा वाले क्षेत्रों में पासपोर्ट सेवाओं का विस्तार कर रही है। कारगिल में यह केंद्र खुलना इसी प्रयास का हिस्सा है।
इस केंद्र के शुरू होने से कारगिल के लोगों के लिए पासपोर्ट बनवाने की प्रक्रिया अधिक सुविधाजनक, कम खर्चीली और समय बचाने वाली होने की उम्मीद है।