सरकार ने देश भर में 100 हाई‑रिस्क रोड क्रॉसिंग्स को सुरक्षित बनाने के लिए एक विशेष कार्यक्रम की शुरुआत की है। इन क्रॉसिंग्स पर सड़क दुर्घटनाओं की संख्या अधिक होती है और अक्सर लोग घायल या मृत हो जाते हैं।
इस कार्यक्रम के तहत, इन स्थानों पर सिग्नल, फ्लैशलाइट, पैदल रास्ते और सुरक्षात्मक रेलिंग लगाई जाएगी। इसके अलावा, सड़क पर रैम्प और बेहतर लेन मार्किंग करके वाहन और पैदल यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी।
यातायात पुलिस और स्थानीय प्रशासन मिलकर सुरक्षा उपायों की निगरानी करेंगे। लोगों को भी सुरक्षित क्रॉसिंग का सही इस्तेमाल करने के लिए जागरूक किया जाएगा।
सरकार का उद्देश्य है कि इस योजना के जरिए दुर्घटनाओं में कमी लाई जा सके और यात्रियों का जीवन सुरक्षित रहे। विशेषज्ञों के अनुसार, इन सुधारों से न सिर्फ दुर्घटनाओं की संख्या कम होगी, बल्कि शहरों और ग्रामीण इलाकों में यातायात का प्रवाह भी बेहतर होगा।
इस कार्यक्रम से देशभर के हाई‑रिस्क क्रॉसिंग्स पर सुरक्षा और सुविधा दोनों बढ़ेंगी, जिससे नागरिकों को सुरक्षित और आरामदायक यात्रा का अनुभव मिलेगा।