हाल ही में जम्मू और कश्मीर में शीतकालीन पर्यटन गतिविधियों में उल्लेखनीय वृद्धि देखी जा रही है, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिल रही है। विशेष रूप से गुलमर्ग, पहलगाम और सोनमर्ग जैसे प्रमुख पर्यटन स्थलों पर देश-विदेश से बड़ी संख्या में पर्यटक पहुंच रहे हैं।
इस वर्ष बर्फबारी के बाद स्कीइंग, स्नोबोर्डिंग और केबल कार जैसी एडवेंचर गतिविधियों में पर्यटकों की भागीदारी बढ़ी है। खासकर गुलमर्ग गोंडोला में पर्यटकों की लंबी कतारें देखी जा रही हैं, जो दुनिया की सबसे ऊंची केबल कार परियोजनाओं में से एक मानी जाती है। इससे होटल, परिवहन और हस्तशिल्प उद्योग को भी काफी लाभ हो रहा है।
पर्यटन विभाग के अनुसार, इस सीजन में घाटी में आने वाले पर्यटकों की संख्या में पिछले वर्ष की तुलना में लगभग 20–25% की वृद्धि दर्ज की गई है। स्थानीय प्रशासन ने पर्यटकों की सुरक्षा और सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए अतिरिक्त व्यवस्थाएं की हैं, ताकि किसी भी प्रकार की असुविधा न हो।
इसके अलावा, केंद्र सरकार द्वारा पर्यटन बुनियादी ढांचे के विकास हेतु नई परियोजनाओं को भी मंजूरी दी जा रही है, जिससे आने वाले समय में श्रीनगर सहित अन्य क्षेत्रों में रोजगार के अवसर बढ़ने की उम्मीद है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि इसी प्रकार पर्यटन गतिविधियां बढ़ती रहीं, तो जम्मू-कश्मीर की अर्थव्यवस्था में दीर्घकालिक सकारात्मक प्रभाव देखने को मिल सकते हैं और स्थानीय युवाओं के लिए स्वरोजगार के नए रास्ते खुलेंगे।